बुरहानपुर में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने अनिल मिश्रा द्वारा महापुरुषों पर की गई कथित टिप्पणी के विरोध में एवं डॉ. बाबा साहब भीमराव अंबेडकर के खिलाफ ग्वालियर के एक अधिवक्ता द्वारा दिए गए अमर्यादित बयान का बुरहानपुर में विरोध किया गया और बसपा कार्यकर्ताओं ने थाने के बाहर धरना प्रदर्शन किया और नारेबाजी की।
बुरहानपुर में बसपा का विरोध प्रदर्शन
प्रदेश पत्रिका: बुरहानपुर में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने अनिल मिश्रा द्वारा महापुरुषों पर की गई कथित टिप्पणी के विरोध में प्रदर्शन किया।
विरोध का समय और स्थान: सोमवार दोपहर 2:30 बजे, विशेष पुलिस थाना आजाद के बाहर।
कार्यवाही: बसपा कार्यकर्ताओं ने थाने के बाहर धरना प्रदर्शन किया और नारेबाजी की।
मांग: उन्होंने अनिल मिश्रा के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।यह विरोध प्रदर्शन अनिल मिश्रा की महापुरुषों पर की गई टिप्पणी केखिलाफ था, जिसके कारण बसपा कार्यकर्ताओं में रोष था।
संविधान निर्माता डॉ. बाबा साहब भीमराव अंबेडकर के खिलाफ ग्वालियर के एक अधिवक्ता द्वारा दिए गए अमर्यादित बयान का बुरहानपुर में विरोध किया गया। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के पदाधिकारी और सदस्य सोमवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे और राष्ट्रपति तथा कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा।
बसपा के जिला प्रभारी सुनील नायके ने बताया कि अनिल मिश्रा नामक एक अधिवक्ता ने डॉ. बाबा साहब भीमराव अंबेडकर के बारे में अमर्यादित टिप्पणी की है। पार्टी ने उनके खिलाफ देशद्रोह, एससी/एसटी एक्ट और आईटी एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज करने की मांग की।
नायके ने बताया कि अनिल मिश्रा का यह आचरण 'ग्वालियर ऑन लाइव' के माध्यम से कुलदीप गवई की आईडी से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस बयान से समाज के लोग आहत हैं। ज्ञापन में कहा गया है कि बाबा साहब अंबेडकर संविधान निर्माता, भारत रत्न और स्वतंत्र भारत के प्रथम कानून मंत्री थे। वे सच्चे राष्ट्रभक्त थे, जिनका राष्ट्र निर्माण में योगदान किसी भी अन्य राष्ट्रभक्त से अधिक है।
समाज के लोगों ने कहा कि भारत में बाबा साहब अंबेडकर दलित, पिछड़े, गरीब, महिला और वंचित समाज के लिए मसीहा ही नहीं, बल्कि भगवान के समान हैं। उन्होंने बाबा साहब के बारे में गलत सोच रखने वाले ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।




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