बुरहानपुर के लालबाग में डॉ. बाबा साहब भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा के स्थान को लेकर उपजा यह विवाद अब काफी संवेदनशील मोड़ ले चुका है। एक ओर जहाँ प्रशासन तकनीकी और व्यवस्थागत कारणों से स्थान परिवर्तन (पीछे खिसकाने) की बात कर रहा है, वहीं दूसरी ओर भावनाओं और पूर्व स्वीकृति का हवाला देकर आंदोलन तेज हो गया है। प्रतिक्रिया शुर करने के विरोध में पार्षद दंपत्ति भूख हड़ताल पर बैठ गए हैं। शिवाजी वार्ड की पार्षद मीना सुरवाड़े और उनके पति महेंद्र सुरवाड़े पिछले चार दिनों से प्रस्तावित प्रतिमा स्थल के सामने भूख हड़ताल कर रहे हैं। समाजजन भी करीब 10 दिनों से इस आंदोलन में शामिल हैं, जो नगर निगम कार्यालय में विरोध प्रदर्शन भी कर चुके हैं। विवाद के प्रमुख बिंदु: नगर निगम की कार्रवाई: यह पूरा मामला लगभग 12 दिन पहले शुरू हुआ, जब नगर निगम ने लालबाग में बन चुके प्रतिमा के स्ट्रक्चर को तुड़वा दिया। निगम का कहना था कि प्रतिमा को थोड़ी पीछे करके बनाया जाएगा। प्रशासनिक पक्ष: निगम आयुक्त संदीप श्रीवास्तव के अनुसार, आपत्ति आने और प्रशासन से निर्देश मिलने के बाद स्ट्रक्चर को तोड़ा गया था। उन्होंने स्पष्ट...
💧जल संरक्षण की दिशा में बढ़ते कदम- ताप्ती नदी पर मिट्टी बंधान कार्य पूर्ण जल संरक्षण को जन-आंदोलन का स्वरूप देने के उद्देश्य से प्रदेश सहित बुरहानपुर जिले में "जल गंगा संवर्धन अभियान" पूरे उत्साह एवं प्रतिबद्धता के साथ संचालित किया जा रहा है। जिले में अभियान का शुभारंभ 19 मार्च को ताप्ती नदी के तट राजघाट से हुआ था। शुभारंभ के साथ ही नदी पर मिट्टी बंधान का कार्य प्रारंभ किया गया, जो अब पूर्ण हो चुका है। इस कार्य में मशीनों की सहायता से मिट्टी को व्यवस्थित रूप से जमाकर बंधान तैयार किया गया। कार्य को गति देने हेतु 3 जेसीबी मशीन एवं 8 ट्रैक्टरों की सहायता ली गई, जिससे निर्धारित समय में कार्य पूर्ण हुआ है। यह प्रयास जल संरक्षण के क्षेत्र में एक सशक्त एवं परिणामकारी पहल के रूप में सामने आया है। 🔹जल संरक्षण एवं भू-जल संवर्धन की दिशा में प्रभावी प्रयास ताप्ती नदी पर किए गए मिट्टी बंधान कार्य से बहते हुए जल को रोककर उसका संचयन हो पायेगा। मिट्टी बंधान कार्य से पानी का प्रवाह नियंत्रित होकर धीरे-धीरे जमीन में समाहित होता है, जिससे भूजल स्तर में बढ़ोतरी होगी। विशेष रूप से नदी के आसपा...